बेटे के लिए वोट मांगना मेरा अधिकार… युवा कांग्रेस चुनाव में कांकेर से उठा विवाद, विधायक सावित्री मंडावी और कार्यकर्ताओं में तीखी बहस का VIDEO वायरल
कांकेर। छत्तीसगढ़ युवा कांग्रेस के संगठन चुनाव के बीच कांकेर के दुर्गूकोंदल से सामने आए एक वीडियो ने चुनावी प्रक्रिया पर चल रही बहस को और तेज कर दिया है। दुर्गूकोंदल रेस्ट हाउस में भानुप्रतापपुर...
कांकेर। छत्तीसगढ़ युवा कांग्रेस के संगठन चुनाव के बीच कांकेर के दुर्गूकोंदल से सामने आए एक वीडियो ने चुनावी प्रक्रिया पर चल रही बहस को और तेज कर दिया है। दुर्गूकोंदल रेस्ट हाउस में भानुप्रतापपुर विधायक सावित्री मंडावी और युवा कांग्रेस से जुड़े कार्यकर्ताओं के बीच तीखी बहस का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
वीडियो में विधायक कार्यकर्ताओं के सवालों का जवाब देती नजर आ रही हैं। इसी दौरान अपने बेटे अमन मंडावी के पक्ष में समर्थन की बात सामने आती है। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक विधायक ने कहा कि बेटे के लिए वोट मांगना उनका अधिकार है।
VIDEO में क्या दिखा?
वायरल वीडियो में रेस्ट हाउस परिसर में विधायक सावित्री मंडावी और कुछ कार्यकर्ताओं के बीच चुनाव को लेकर बहस होती दिखाई दे रही है। बातचीत के दौरान माहौल गर्म होता नजर आता है। वीडियो में विधायक अपने बेटे के पक्ष में समर्थन की बात करती दिखाई देती हैं।
हालांकि, वायरल वीडियो का सामने आया हिस्सा पूरी बातचीत और विवाद की शुरुआत को स्पष्ट नहीं करता है। इसलिए वीडियो में लगाए या बोले गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
हरेश रावते का आरोप—बेटे के पक्ष में वोट प्रभावित करने की कोशिश
युवा कांग्रेस विधानसभा अध्यक्ष पद के प्रत्याशी हरेश रावते ने आरोप लगाया है कि विधायक अपने बेटे अमन मंडावी के पक्ष में चुनाव को प्रभावित करने का प्रयास कर रही थीं और कार्यकर्ताओं पर उनके पक्ष में मतदान का दबाव बनाया जा रहा था।
रावते ने यह भी आरोप लगाया है कि विरोध करने के बाद उन्हें विधायक समर्थकों की ओर से घेरकर मारने की कोशिश की गई। इस संबंध में पुलिस में शिकायत दिए जाने की बात भी सामने आई है। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
बेटे अमन मंडावी भी मैदान में
विवाद इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि विधायक सावित्री मंडावी के बेटे अमन मंडावी युवा कांग्रेस के जिला अध्यक्ष पद के प्रत्याशी हैं। इसी चुनाव से जुड़े घटनाक्रम में भानुप्रतापपुर क्षेत्र के संगठनात्मक पदों के प्रत्याशियों और समर्थकों के बीच मतभेद सामने आने की बात कही गई है।
कांकेर अकेला मामला नहीं… पूरे प्रदेश में चुनाव पर उठे सवाल
छत्तीसगढ़ युवा कांग्रेस के मौजूदा संगठन चुनाव को लेकर पिछले कुछ समय से अलग-अलग जिलों में विवाद सामने आते रहे हैं।
सितंबर की शुरुआत में प्रदेश अध्यक्ष पद के दावेदार सत्येंद्र चेलक और शैलेंद्र बंजारे के नामांकन होल्ड किए जाने की खबर सामने आई थी। दोनों से स्पष्टीकरण मांगे जाने की जानकारी सामने आई थी।
इसके बाद चुनाव प्रक्रिया में धनबल, वोट मैनेजमेंट और फर्जी मतदाता पहचान-पत्र जैसे आरोप भी लगाए गए। ये आरोप पूर्व जिला पंचायत सदस्य पंकज तिवारी की ओर से लगाए गए थे।
जांजगीर-चांपा में भी युवा कांग्रेस चुनाव के दौरान बाहरी युवाओं को बुलाकर वोट प्रभावित करने, पैसे के इस्तेमाल और ऑनलाइन वोटिंग के नाम पर OTP लेने जैसे आरोप सामने आए थे। इन आरोपों की भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
अब कांकेर का VIDEO सबसे ज्यादा चर्चा में
ऐसे में दुर्गूकोंदल का यह वीडियो युवा कांग्रेस के चुनाव में चल रही अंदरूनी खींचतान को एक बार फिर सामने ले आया है। एक तरफ प्रत्याशी चुनाव प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने की मांग कर रहे हैं, तो दूसरी तरफ पार्टी के स्थानीय नेताओं की भूमिका को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
सबसे बड़ा सवाल यही है कि संगठन चुनाव में नेताओं और पदाधिकारियों की भूमिका की सीमा क्या होनी चाहिए और क्या प्रत्याशियों को समान अवसर मिल रहा है?
फिलहाल कांकेर के वायरल वीडियो, हरेश रावते के आरोप और चुनाव प्रक्रिया को लेकर सामने आई शिकायतों ने छत्तीसगढ़ युवा कांग्रेस के संगठन चुनाव को लेकर राजनीतिक चर्चा जरूर तेज कर दी है। चुनाव प्रक्रिया पर अंतिम स्थिति संबंधित संगठन और चुनाव प्राधिकरण के आधिकारिक पक्ष से ही स्पष्ट होगी।